आरक्षक की आय 46 लाख, खर्च 62 लाख से ज्यादा, ACB ने कोर्ट में दाखिल किया अभियोग पत्र


बिलासपुर। आय से अधिक संपत्ति के मामले में एंटी करप्शन ब्यूरो (ACB) बिलासपुर ने बर्खास्त आरक्षक संतोष कुमार राठौर के खिलाफ विशेष न्यायालय में अभियोग पत्र दाखिल किया है। ACB ने सोमवार को विशेष न्यायाधीश, भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम (PC Act), बिलासपुर के न्यायालय में यह कार्रवाई की।

जांच एजेंसी के अनुसार, संतोष कुमार राठौर के खिलाफ आय के ज्ञात स्रोतों की तुलना में अधिक संपत्ति अर्जित करने की शिकायत और जानकारी मिलने के बाद अपराध क्रमांक 57/2024 दर्ज किया गया था। मामले में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम, 1988 (संशोधित 2018) की धारा 13(1)(बी) और 13(2) के तहत अपराध दर्ज किया गया।

46.08 लाख की आय, 62.28 लाख रुपये का खर्च

ACB की जांच में आरोपी की आय और व्यय से जुड़े दस्तावेजों तथा अन्य साक्ष्यों की जांच की गई। एजेंसी के मुताबिक, जांच अवधि में संतोष कुमार राठौर की कुल आय 46,08,341 रुपये पाई गई, जबकि उसका कुल व्यय 62,28,137 रुपये दर्ज हुआ।

इस तरह आरोपी की आय की तुलना में 16,19,796 रुपये अधिक खर्च सामने आया। ACB का कहना है कि विवेचना के दौरान जुटाए गए दस्तावेजी और अन्य साक्ष्यों के आधार पर आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने का अपराध प्रमाणित पाया गया।

इसके बाद संबंधित सक्षम प्राधिकारी से अभियोजन की स्वीकृति प्राप्त की गई और अब विशेष न्यायालय में अभियोग पत्र पेश किया गया है।

दिसंबर 2024 में घर समेत कई ठिकानों पर छापेमारी

ACB ने मामले की जांच के दौरान 1 दिसंबर 2024 को बिलासपुर स्थित संतोष कुमार राठौर के निवास समेत अन्य संबंधित ठिकानों पर छापेमारी की थी।

छापे और इसके बाद की विवेचना में मिले दस्तावेजों, वित्तीय लेन-देन और अन्य साक्ष्यों को जांच का हिस्सा बनाया गया। इन्हीं साक्ष्यों के आधार पर एजेंसी ने आरोपी की आय और खर्च का आकलन किया।

गांजा तस्करी और वसूली का भी आरोप

संतोष कुमार राठौर पहले जीआरपी बिलासपुर में आरक्षक के पद पर तैनात था। उसके खिलाफ गांजा तस्करी से जुड़े एक अलग मामले में भी गंभीर आरोप हैं।

पुलिस के मुताबिक, संतोष कुमार राठौर पर अन्य आरक्षक साथियों के साथ मिलकर ट्रेन में गांजा तस्करी करने वालों को पकड़ने, कथित तौर पर गांजा अपने पास रख लेने और उनके खिलाफ NDPS Act के तहत कार्रवाई नहीं करने के एवज में पैसे वसूलने के आरोप लगे थे।

इस मामले में जीआरपी थाना बिलासपुर में अपराध क्रमांक 117/2024 दर्ज किया गया था। प्रकरण में NDPS Act की धारा 20(बी) और 29 के तहत कार्रवाई की गई।

ACCU ने भी पेश किया था चालान

गांजा तस्करी और कथित वसूली के इस मामले की आगे की जांच एंटी क्राइम एंड साइबर यूनिट (ACCU), जिला बिलासपुर को सौंपी गई थी।

विवेचना पूरी होने के बाद ACCU ने संतोष कुमार राठौर के खिलाफ चालान क्रमांक 46-ए/2024 विशेष न्यायाधीश, NDPS Act, बिलासपुर के न्यायालय में पेश किया था।

इस मामले में संतोष कुमार राठौर वर्तमान में बिलासपुर जेल में बंद है।

नवंबर 2024 में सेवा से किया गया था बर्खास्त

आपराधिक आचरण के आरोपों के चलते पुलिस अधीक्षक रेल, छत्तीसगढ़ ने 19 नवंबर 2024 को संतोष कुमार राठौर को पुलिस सेवा से पृथक कर दिया था।

अब आय से अधिक संपत्ति के मामले में ACB द्वारा अभियोग पत्र दाखिल किए जाने के बाद उसके खिलाफ एक और न्यायिक कार्रवाई आगे बढ़ गई है।

नोट: आय से अधिक संपत्ति और गांजा तस्करी/वसूली से जुड़े आरोपों पर अंतिम निर्णय संबंधित न्यायालय की न्यायिक प्रक्रिया और साक्ष्यों के आधार पर होगा। अभियोग पत्र दाखिल होना आरोपों का न्यायिक रूप से अंतिम रूप से सिद्ध होना नहीं है।

Nagendra sahu
Nagendra sahu
नागेन्द्र साहू छत्तीसगढ़ के भिलाई से हैं। उन्होंने पत्रकारिता एवं जनसंचार में स्नातक (BJMC) और वर्धा स्थित महात्मा गांधी अंतरराष्ट्रीय हिंदी विश्वविद्यालय से पत्रकारिता में स्नातकोत्तर (MJ) की शिक्षा प्राप्त की है। पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया के क्षेत्र में 6 वर्षों से अधिक का अनुभव रखते हैं। वीडियो एडिटिंग ( Ex- भिलाई Times Sr Editor ) और डिजिटल कंटेंट में भी विशेषज्ञता के साथ वर्तमान में रेखांकित न्यूज़ का संचालन कर रहे हैं।
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