CG पटवारी भर्ती 2026: छत्तीसगढ़ में 200 पदों पर सीधी भर्ती को मंजूरी, 26 जिलों में होंगी नियुक्तियां

छत्तीसगढ़ में 26 जिलों के 200 पटवारी पदों पर सीधी भर्ती को मंजूरी
छत्तीसगढ़ में 200 पटवारी पदों पर भर्ती की प्रशासनिक मंजूरी, आवेदन की तारीख का इंतजार।

रायपुर। छत्तीसगढ़ में सरकारी नौकरी की तैयारी कर रहे युवाओं के लिए पटवारी भर्ती से जुड़ी अहम खबर सामने आई है। राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग के अनुसार, प्रदेश में पटवारी संवर्ग के 200 रिक्त पदों पर सीधी भर्ती के प्रस्ताव को प्रशासनिक मंजूरी दी गई है। उपलब्ध जानकारी के मुताबिक, इस संबंध में 6 सितंबर 2026 को आदेश जारी किया गया था।

प्रस्तावित भर्ती के तहत प्रदेश के 26 जिलों में रिक्त पद भरे जाने हैं। चयन के लिए लिखित परीक्षा आयोजित किए जाने की व्यवस्था बताई गई है। हालांकि, प्रशासनिक मंजूरी मिलने का अर्थ आवेदन प्रक्रिया शुरू होना नहीं है। आवेदन की तारीख, शैक्षणिक योग्यता, आयु सीमा और परीक्षा से जुड़ी विस्तृत शर्तों के लिए आधिकारिक भर्ती विज्ञापन का इंतजार करना होगा।

पांच जिलों में 15-15 पदों पर भर्ती

कुल 200 पदों में से 75 पद पांच जिलों के लिए निर्धारित किए गए हैं। इनमें प्रत्येक जिले में 15 पटवारियों की भर्ती प्रस्तावित है।



इन पांच जिलों में भर्ती के लिए निर्धारित पद कुल रिक्तियों का 37.5 प्रतिशत हैं।

चार जिलों में 10-10 पद

विभागीय जानकारी के अनुसार, चार अन्य जिलों में 10-10 पदों पर भर्ती प्रस्तावित है।

इन नौ जिलों में कुल 115 पद निर्धारित हैं। शेष 85 पद अन्य जिलों में स्वीकृत रिक्तियों के आधार पर भरे जाएंगे। Chhattisgarh Kaushal +1

पटवारी भर्ती परीक्षा कौन कराएगा?

मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, चयन प्रक्रिया छत्तीसगढ़ कर्मचारी चयन मंडल (CGSSB/CG Vyapam) के माध्यम से आयोजित किए जाने की तैयारी है। भर्ती शासन के निर्धारित सेवा नियमों और लागू आरक्षण प्रावधानों के अनुसार होगी।

अभ्यर्थियों को आवेदन करने से पहले आधिकारिक विज्ञापन में दी गई पात्रता शर्तों की जांच करनी होगी। केवल भर्ती की मंजूरी के आधार पर किसी शैक्षणिक योग्यता, आयु सीमा या परीक्षा पैटर्न को अंतिम नहीं माना जाना चाहिए।

आवेदन कब से शुरू होंगे?

फिलहाल उपलब्ध जानकारी के अनुसार, विस्तृत भर्ती विज्ञापन और ऑनलाइन आवेदन का कार्यक्रम घोषित नहीं हुआ है। इसलिए अभी आवेदन की शुरुआत या अंतिम तारीख बताना संभव नहीं है।

विज्ञापन जारी होने पर अभ्यर्थियों को इन जानकारियों की पुष्टि करनी चाहिए:

  • शैक्षणिक योग्यता और आवश्यक प्रमाणपत्र
  • न्यूनतम एवं अधिकतम आयु सीमा और लागू छूट
  • ऑनलाइन आवेदन की शुरुआत और अंतिम तारीख
  • परीक्षा शुल्क और आवेदन की प्रक्रिया
  • लिखित परीक्षा का पाठ्यक्रम और चयन संबंधी नियम
  • जिलेवार पदों और आरक्षण का अंतिम विवरण

महत्वपूर्ण: 200 पदों पर भर्ती को प्रशासनिक मंजूरी मिलना प्रक्रिया का शुरुआती चरण है। नियुक्तियों के लिए आधिकारिक विज्ञापन और उसके बाद की चयन प्रक्रिया पूरी होना आवश्यक है।


Nagendra sahu
Nagendra sahu
नागेन्द्र साहू छत्तीसगढ़ के भिलाई से हैं। उन्होंने पत्रकारिता एवं जनसंचार में स्नातक (BJMC) और वर्धा स्थित महात्मा गांधी अंतरराष्ट्रीय हिंदी विश्वविद्यालय से पत्रकारिता में स्नातकोत्तर (MJ) की शिक्षा प्राप्त की है। पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया के क्षेत्र में 6 वर्षों से अधिक का अनुभव रखते हैं। वीडियो एडिटिंग ( Ex- भिलाई Times Sr Editor ) और डिजिटल कंटेंट में भी विशेषज्ञता के साथ वर्तमान में रेखांकित न्यूज़ का संचालन कर रहे हैं।
spot_imgspot_img

ट्रेंडिंग

खबर जो मायने रखती है

महादेव सट्टा ऐप का कथित सरगना सौरभ चंद्राकर ओमान से भारत लाया गया, सोमवार को रायपुर की विशेष अदालत में होगी पेशी

महादेव ऑनलाइन बुक ऐप मामले के प्रमुख आरोपी सौरभ चंद्राकर का ओमान से प्रत्यर्पण कर भारत लाया गया है। CBI उसे 2 नवंबर को रायपुर की विशेष अदालत में पेश करेगी।

अहिवारा विधायक डोमनलाल कोर्सेवाड़ा का निधन: हैदराबाद के यशोदा अस्पताल में ली अंतिम सांस, 78 वर्ष की उम्र में हुआ निधन

छत्तीसगढ़ के अहिवारा से भाजपा विधायक डोमनलाल कोर्सेवाड़ा का शुक्रवार को हैदराबाद में इलाज के दौरान निधन हो गया। वे लंबे समय से फेफड़ों की बीमारी से पीड़ित थे।

मतदाता सूची में गड़बड़ी का आरोप: भूपेश बघेल ने वार्डवार आंकड़े रखे, आपत्तियों के बाद हाईकोर्ट जाने की चेतावनी

पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने दुर्ग जिले के चार नगरीय निकायों की प्रारंभिक मतदाता सूची में मतदाताओं के वार्ड बदलने का आरोप लगाया है। कांग्रेस 30 अक्टूबर तक आपत्तियां दर्ज कराएगी।

छत्तीसगढ़ में EOW-ACB का बड़ा एक्शन: शराब, कोल और DMF मामलों में कई शहरों में छापेमारी

शराब, कोल लेवी और DMF मामलों की जांच के बीच EOW-ACB ने छत्तीसगढ़ के कई शहरों में एक साथ छापेमारी की। कारोबारियों और अन्य संबंधित लोगों के ठिकानों पर दस्तावेजों, वित्तीय लेन-देन और डिजिटल रिकॉर्ड की जांच की जा रही है।